🌊
साल 2022 में छठ गीतों की एक नई लहर देखी गई। पारंपरिक धुनों को नए म्यूजिक अरेंजमेंट्स के साथ पेश किया गया, जिसने युवा पीढ़ी को भी इस महापर्व से भावनात्मक रूप से जोड़ा। इन गीतों में 'छठी मैया' की महिमा और 'खरना' के प्रसाद की महक साफ महसूस की जा सकती है।
जैसे ही 'कांच ही बांस के बहंगिया' या 'केलवा के पात पर' जैसे गीत सुनाई देते हैं, मन खुद-ब-खुद घाटों की ओर खिंचा चला जाता है। ये गीत न केवल हमें भक्ति से जोड़ते हैं, बल्कि हमारी लोक-संस्कृति को भी जीवित रखते हैं।